350वीं शहीदी शताब्दी पर अमृतवेले दिव्य कीर्तन दीवानों की पावन शुरुआत - गुरुद्वारा श्री गुरु दशम पातशाह शाहगंज, आगरा


आगरा। धन-धन गुरु श्री तेग बहादुर साहिब महाराज जी की 350वीं शहीदी शताब्दी के अपूर्व और पवित्र अवसर पर गुरुद्वारा श्री गुरु दशम पातशाह शाहगंज, आगरा में अमृतवेले विशेष कीर्तन दीवानों की अविरल श्रृंखला अत्यंत शर्दा, भक्ति और नतमस्तक भाव से प्रारंभ हुई। 17 नवंबर से 25 नवंबर तक प्रतिदिन सुबह 4:15 बजे से 6:30 बजे तक अमृतवेले के मधुर वातावरण में दिव्य दीवान सजेंगे, जहां संगत गुरु महाराज के चरणों में माथा टेककर नाम-कीर्तन, सिमरन और अमृतवेले दी बख्शिश का लाभ प्राप्त करेगी।

गुरुद्वारा प्रमुख  बॉबी आनंद ने भावुक शब्दों में कहा “गुरु तेग बहादुर साहिब जी की 350वीं शहीदी शताब्दी हमारे जीवन में दोबारा नहीं आएगी, यह समय गुरु महाराज का वरदान है, परिवार सहित गुरुघर आएं, इस पावन अमृतवेले में हाजिरी भरें और गुरु की अनंत खुशियाँ अपनी झोली में भरें। गुरुद्वारा कमेटी एवं अमृतवेला परिवार ने बताया कि यह पावन आयोजन केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि वह दिव्य बेला है जो हर इंसान को अपने जीवन को गुरबाणी दी रौशनी से संवारने का अवसर देती है। संगत से हाथ जोड़ विनम्र बेनती की गई है कि वे अपना अनमोल समय निकालकर इस आध्यात्मिक सरोवर में डुबकी लगाएं।

संगत ने भी इस आयोजन को अपने जीवन का अद्वितीय सौभाग्य बताया और कहा कि—“ऐसी पवित्र शुभ बेला बार–बार नहीं आती; यह गुरु महाराज का अनुपम उपहार है।

 गुरुद्वारा श्री गुरु दशम पातशाह शाहगंज, आगरा द्वारा समस्त साध संगत  श्रद्धालुओं को हाथ जोड़ सादर बेनती है कि इन दिव्य दीवानों में उपस्थित होकर अपने जीवन को गुरु-मर्यादा और गुरुबाणी की सुगंध से महका दें, बेनती करता प्रधान बॉबी आनंद, गुरु सेवक श्याम भोजवानी,लव पोपली, मुकेश कुकरेजा, मोहन गनवानी, अजय अरोड़ा समस्त अमृतवेला परिवार।


संवाददाता धर्मेंद्र ठाकुर की रिपोर्ट आगरा...

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